IMD Weather Forecast: मई की शुरुआत होते ही देश के कई हिस्सों में गर्मी से राहत मिलने वाली है, लेकिन यह राहत तेज़ हवाओं, बारिश और आंधी-तूफान के साथ आने वाली है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने उत्तर भारत, पूर्वी और मध्य भारत से लेकर दक्षिण भारत तक अगले कुछ दिनों के लिए बारिश, तेज़ आंधी और बिजली गिरने का अलर्ट जारी किया है।
विशेष रूप से उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, पंजाब, दिल्ली और चंडीगढ़ जैसे राज्यों में 5 मई तक मौसम में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।
उत्तर भारत में चलेगी 60 किमी/घंटा की रफ्तार से आंधी बारिश के साथ बिजली गिरने का खतरा
उत्तर भारत के राज्यों में 1 से 5 मई तक तेज़ आंधी, बिजली गिरने और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, जो धूल भरी आंधी और बिजली गिरने के साथ-साथ कई इलाकों में सामान्य जनजीवन को प्रभावित कर सकती हैं।
इन राज्यों में चेतावनी जारी:
- उत्तर प्रदेश
- राजस्थान
- हरियाणा
- पंजाब
- दिल्ली
- चंडीगढ़
इन सभी क्षेत्रों में गरज के साथ हल्की से मध्यम बारिश, तेज़ हवाएं और बिजली गिरने का अलर्ट 5 मई तक जारी रहेगा।
उत्तराखंड हिमाचल जम्मू-कश्मीर में भी बिगड़ सकता है मौसम
हिमालयी क्षेत्र यानी उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और लद्दाख में भी मौसम विभाग ने 1 मई से 5 मई तक बारिश और ओलावृष्टि की संभावना जताई है।
उत्तराखंड में 1 और 2 मई को ओले गिरने का अनुमान है। इन पहाड़ी राज्यों में बारिश के साथ भूस्खलन और अचानक मौसम परिवर्तन का खतरा भी बना हुआ है।
पूर्वी और मध्य भारत में भी तेज़ मौसम गतिविधियां
केवल उत्तर भारत ही नहीं, बल्कि पूर्वी और मध्य भारत के कई हिस्सों में भी मौसम बिगड़ने वाला है।
बिहार, झारखंड, ओडिशा, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश और विदर्भ के क्षेत्रों में भी 30 अप्रैल से 4 मई तक तेज़ बारिश, तूफानी हवाएं और ओले गिरने की चेतावनी दी गई है।
राज्यवार अलर्ट:
| राज्य | मौसम का अलर्ट | अलर्ट की तारीखें |
| झारखंड | बारिश + तूफान | 30 अप्रैल, 1 मई |
| ओडिशा | भारी बारिश, ओले | 30 अप्रैल – 2 मई |
| मध्य प्रदेश (पूर्वी) | बारिश, ओले | 2 – 3 मई |
| छत्तीसगढ़ | ओले, तेज़ हवाएं | 3 – 4 मई |
| बिहार | भारी बारिश | 2 मई |
| पश्चिम बंगाल | आंधी-तूफान | 30 अप्रैल |
राजस्थान में धूल भरी आंधी और गरज-चमक की चेतावनी
राजस्थान के पूर्वी और पश्चिमी हिस्सों में 30 अप्रैल से 4 मई तक धूल भरी आंधी और बिजली गिरने की संभावना है।
- पश्चिमी राजस्थान: 30 अप्रैल से 4 मई
- पूर्वी राजस्थान: 1 से 3 मई तक
इन दिनों में यात्रियों और किसानों को खास सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।
दिल्ली-एनसीआर में भी तेज़ हवाओं के साथ बदलेगा मौसम
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और एनसीआर क्षेत्र में भी 1 और 2 मई को मौसम के बदले मिजाज के संकेत दिए गए हैं।
यहां तेज़ हवाएं चल सकती हैं और कुछ इलाकों में हल्की बारिश और बिजली कड़कने की संभावना भी बनी हुई है।
ट्रैफिक और पब्लिक ट्रांसपोर्ट पर असर पड़ सकता है, इसलिए दिल्लीवासियों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
दक्षिण भारत में भी सक्रिय रहेगा मानसूनी सिस्टम
दक्षिण भारत के कर्नाटक, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु, केरल, पुडुचेरी जैसे राज्यों में भी बारिश और तेज़ हवाओं का अलर्ट जारी किया गया है।
यह गतिविधियां अगले 7 दिनों तक जारी रह सकती हैं।
केरल और तमिलनाडु में कुछ स्थानों पर भारी बारिश और बिजली गिरने की संभावना है।
पूर्वोत्तर भारत में भी अगले 5 दिन सक्रिय रहेगा मौसम
पूर्वोत्तर राज्यों में भी बारिश का सिलसिला बने रहने की संभावना है।
नगालैंड और मणिपुर में 1 मई को ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की गई है।
इन राज्यों में किसानों को फसल को सुरक्षित स्थान पर रखने और मौसम अपडेट्स पर नजर बनाए रखने की सलाह दी गई है।
क्या होगा असर जनजीवन और यातायात पर प्रभाव
मौसम विभाग की चेतावनी को गंभीरता से लेने की जरूरत है क्योंकि:
- तेज़ हवाओं से पेड़ और बिजली के खंभे गिर सकते हैं
- बारिश से फसलें प्रभावित हो सकती हैं
- बिजली गिरने से जान-माल का नुकसान हो सकता है
- आंधी-तूफान से ट्रैफिक और रेलवे संचालन पर असर पड़ सकता है
क्या करें क्या न करें जनता के लिए सावधानियां
सुरक्षा के लिए कुछ जरूरी उपाय:
- बाहर निकलते वक्त मौसम की जानकारी जरूर लें
- तूफान के दौरान पेड़ और खंभों से दूर रहें
- खेतों में काम कर रहे किसान बिजली गिरने से बचें
- बच्चों और बुजुर्गों को धूल और तेज़ हवाओं से बचाएं
- जरूरी न हो तो घर से बाहर न निकलें
मई की शुरुआत बारिश और आंधियों के साथ
मई का महीना आमतौर पर तपती गर्मी का होता है, लेकिन 2025 की शुरुआत तेज़ हवाओं, बारिश और ओलों के साथ हो रही है।
मौसम विभाग की चेतावनी को सावधानी से पालन करना सभी के हित में है, ताकि प्राकृतिक आपदा से बचा जा सके और जन-धन का नुकसान न हो।